शाहजहांपुर की सबसे बड़ी राइस मिल ‘सुखबीर एग्रो’ पर छापा, जांच जारी
- दिल्ली-हरियाणा से पहुंची टीम, गेट बंद कर रोकी आवाजाही, अभिलेख खंगाले गए, सरकारी धान खरीद से जुड़ा एंगल भी जांच के दायरे में
शाहजहांपुर, वाईबीएन संवाददाताः शाहजहांपुर की प्रतिष्ठित और जनपद की सबसे बड़ी राइस मिल सुखबीर एग्रो कमोडिटीज लिमिटेड में सोमवार तड़के आयकर विभाग ने बड़ी कार्रवाई की। दिल्ली और हरियाणा नंबर की करीब 10 गाड़ियों से पहुंची टीम ने मिल परिसर को पूरी तरह सील कर दिया और देर रात तक अभिलेखों की गहन जांच की। कार्रवाई से मिल कर्मचारियों, मजदूरों और स्थानीय प्रशासन में हड़कंप मच गया।
दिल्ली-हरियाणा से पहुंची आयकर टीम
पुवायां विकासखंड क्षेत्र के इनायतपुर गांव स्थित राइस मिल में सोमवार को आयकर विभाग की टीम पहुंची। अधिकारियों के साथ सुरक्षाकर्मी और स्थानीय पुलिस बल भी मौजूद रहा। टीम के अंदर पहुंचते ही मुख्य गेट बंद कर दिया गया और किसी भी व्यक्ति के प्रवेश या बाहर जाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई।
मोबाइल जब्त, ट्रकों की चाबियां निकाली गईं
जांच शुरू होते ही मिल परिसर में खड़े धान और चावल लदे ट्रकों की चाबियां निकाल ली गईं। वहीं, मिल में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों के मोबाइल फोन भी कब्जे में ले लिए गए। इसके बाद कार्यालय में बैठकर विभिन्न वित्तीय और खरीद से जुड़े अभिलेख तलब किए गए, जिनकी शाम तक गहन जांच की गई।
रातभर जांच की तैयारी, टेंट-रजाई मंगवाई गई
शाम करीब 7 बजे तक जांच पूरी न होने पर आयकर विभाग की टीम ने टेंट हाउस से रजाई-गद्दे मंगवा लिए, जिससे यह संकेत मिला कि कार्रवाई रातभर चल सकती है। सूत्रों के अनुसार मंगलवार को भी पूरे दिन जांच जारी रहने की संभावना जताई जा रही है।
मजदूरों को बाहर निकाला, ड्यूटी पर पहुंचे लौटे
कार्रवाई के दौरान मिल में कार्यरत मजदूरों को बाहर निकाल दिया गया। सुबह ड्यूटी पर पहुंचे मजदूर करीब एक घंटे इंतजार के बाद बिना काम लौट गए। रात की पाली में काम कर रहे मजदूरों को भी बाहर निकलने नहीं दिया गया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
स्थानीय प्रशासन रहा अनभिज्ञ
पूरी कार्रवाई के दौरान तहसील प्रशासन और विभागीय अधिकारी अनभिज्ञता जताते रहे। एसडीएम पुवायां ने भी कोई स्पष्ट जानकारी देने से इनकार किया। वहीं पुलिस अधीक्षक राजेश द्विवेदी ने पुष्टि करते हुए बताया कि आयकर विभाग की टीम सुखबीर ग्रुप में जांच कर रही है और सरकारी धान खरीद से जुड़े पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।
कई राज्यों से होती है धान खरीद, विदेश तक निर्यात
बताया जा रहा है कि सुखबीर एग्रो ग्रुप उत्तर प्रदेश के अलावा राजस्थान, मध्य प्रदेश सहित अन्य राज्यों से भी धान की खरीद करता है। यहां से तैयार चावल का निर्यात विदेशों तक किया जाता है। वर्ष 2012 में स्थापित इस मिल का नाम दो वर्ष पूर्व बदलकर सेल एग्री कमोडिटी भी किया गया था और अन्य स्थानों पर प्लांट लगाए गए हैं।
पहले भी जांच के घेरे में रही मिल
यह पहला मौका नहीं है जब सुखबीर एग्रो जांच के दायरे में आई हो। वर्ष 2020 में खाद एवं रसद मंत्री द्वारा यहां करीब 5 घंटे तक जांच की जा चुकी है, जिसमें धान खरीद से जुड़े रिकॉर्ड खंगाले गए थे।
साइड स्टोरी :धान उत्पादन में शाहजहांपुर प्रदेश में अव्वल, फिर भी खरीद पर सवाल
शाहजहांपुर जनपद धान उत्पादन और खरीद में पूरे प्रदेश में अग्रणी माना जाता है। विशेषकर पुवायां तहसील को सर्वाधिक खाद्यान्न उत्पादन वाला क्षेत्र माना जाता है, जिसे स्थानीय स्तर पर ‘मिनी पंजाब’ भी कहा जाता है। यही वजह है कि सुखबीर एग्रो जैसी बड़ी राइस मिलों ने पुवायां क्षेत्र में अपना प्लांट स्थापित किया। हालांकि, इसके बावजूद जनपद लंबे समय से धान खरीद में घपलों को लेकर चर्चा में रहा है।
कई बार फर्जी खरीद के मामले सामने आए
किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का पूरा लाभ नहीं मिला। धान माफिया के हावी होने के आरोप। ऐसे में सुखबीर एग्रो पर आयकर विभाग की यह कार्रवाई सिर्फ एक मिल नहीं, बल्कि पूरे धान खरीद तंत्र की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर रही है।
खास बातें (Key Highlights)
- दिल्ली-हरियाणा से आई आयकर टीम
- मिल परिसर पूरी तरह सील
- मोबाइल और ट्रक चाबियां जब्त
- सरकारी धान खरीद की जांच
- रातभर कार्रवाई के संकेत





