Top
Begin typing your search above and press return to search.

पश्चिम एशिया में तेल एवं गैस संयंत्रों पर हमलों से स्टॉक मार्केट थर्राया, निवेशकों के 12.87 लाख करोड़ रुपये डूबे

पश्चिम एशिया संकट 28 फरवरी को शुरू होने के बाद से निवेशकों को 37 लाख करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है।

पश्चिम एशिया में तेल एवं गैस संयंत्रों पर हमलों से स्टॉक मार्केट थर्राया, निवेशकों के 12.87 लाख करोड़ रुपये डूबे
X

मुंबई, वाईबीएन डेस्क। शेयर बाजार में बृहस्पतिवार को भारी गिरावट से निवेशकों को 12.87 लाख करोड़ रुपये स्वाह हो गए। पश्चिम एशिया में तेल एवं गैस संयंत्रों पर बढ़ते हमलों के कारण कच्चे तेल की कीमतों में आई तेजी के दबाव में बीएसई सेंसेक्स लगभग 2,500 अंक लुढ़क गया। पश्चिम एशिया संकट 28 फरवरी को शुरू होने के बाद से निवेशकों को 37 लाख करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हो चुका है। लगातार तीन दिन की बढ़त के बाद, तीस शेयरों पर आधारित बीएसई सेंसेक्स 2,496.89 अंक यानी 3.26 प्रतिशत का गोता लगातार 74,207.24 अंक पर बंद हुआ। यह जून, 2024 के बाद से एक दिन में सबसे बड़ी गिरावट है।

मार्केट कैप 426 लाख करोड़ रुपए हो गया

सेंसेक्स में आई इस गिरावट से बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों के कुल बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैप) में करीब 12 लाख करोड़ रुपए की गिरावट आई, जिससे यह पहले के 438 लाख करोड़ रुपए से गिरकर लगभग 426 लाख करोड़ रुपए हो गया। कारोबार के दौरान, यह 2,753.18 अंक टूटकर 73,950.95 अंक पर आ गया था। बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण एक ही दिन में 12,87,273.89 करोड़ रुपये घटकर 4,26,13,557.95 करोड़ रुपये (4,610 अरब डॉलर) रह गया। इस दौरान, 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 3.26 प्रतिशत या 2496.89 अंक गिरकर 74,207.24 पर बंद हुआ। वहीं एनएसई निफ्टी 3.26 प्रतिशत या 775.65 अंकों की गिरावट के साथ 23,002.15 पर बंद हुआ।

इंट्रा-डे कारोबार ने डुबकी लगाई

इंट्रा-डे कारोबार में सेंसेक्स ने जहां 74,750.92 पर खुलकर 2,753 अंक या 3.6 प्रतिशत गिरकर 73,950.95 के निम्नतम स्तर को छुआ, वहीं निफ्टी 23,197.75 पर खुलकर 847 अंक या 3.5 प्रतिशत गिरकर 22,930.35 के दिन के निचले स्तर पर पहुंच गया।व्यापक बाजारों में भी बेंचमार्क सूचकांकों की तरह बड़ी गिरावट दर्ज की गई। निफ्टी मिडकैप में जहां 3.19 प्रतिशत की गिरावट आई तो वहीं निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स में 2.94 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में कारोबार करते नजर आए

इस दौरान, सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में कारोबार करते नजर आए। सबसे ज्यादा निफ्टी ऑटो में 4.25 प्रतिशत की गिरावट आई। इसके बाद निफ्टी रियल्टी में 3.81 प्रतिशत, निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज में 3.78 प्रतिशत, निफ्टी प्राइवेट बैंक में 3.41 प्रतिशत, निफ्टी आईटी में 3.31 प्रतिशत, निफ्टी मेटल में 3.24 प्रतिशत तो निफ्टी एफएमसीजी में 2.53 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।

निफ्टी भी सभी शेयरों में गिरावट दर्ज की गई

गुरुवार को निफ्टी50 में ओएनजीसी को छोड़कर, जिसमें 1.55 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई, अन्य सभी शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। श्रीराम फाइनेंस (6.71 प्रतिशत की गिरावट), इटरनल (5.38 प्रतिशत की गिरावट) और एचडीएफसी बैंक (5.11 प्रतिशत की गिरावट) के शेयरों में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा, बजाज फाइनेंस, महिंद्रा एंड महिंद्रा, एलएंडटी, टीएमपीवी, इंडिगो, ग्रासिम, ट्रेंट और बजाज-ऑटो के शेयरों में भी बड़ी गिरावट देखी गई।


Mukesh Pandit

Mukesh Pandit

पत्रकारिता की शुरुआत वर्ष 1989 में अमर उजाला से रिपोर्टिंग से करने वाले मुकेश पंडित का जनसरोकार और वास्तविकत पत्रकारिता का सफर सतत जारी है। उन्होंने अमर उजाला, विश्व मानव, हरिभूमि, एनबीटी एवं दैनिक जागरण जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में फील्ड रिपोर्टिंग से लेकर डेस्क तक अपनी सेवाएं दीं हैं। समाचार लेखन, विश्लेषण और ग्राउंड रिपोर्टिंग में निपुणता के साथ-साथ उन्होंने समय के साथ डिजिटल और सोशल मीडिया को भी बख़ूबी अपनाया है। करीब 35 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ मुकेश पंडित आज भी पत्रकारिता में सक्रिय हैं और जनहित, राष्ट्रहित और समाज की सच्ची आवाज़ बनने के मिशन पर अग्रसर हैं।

Related Stories
Next Story
All Rights Reserved. Copyright @2019
Powered By Hocalwire