गाजियाबाद में आतंकी साजिश का खुलासा, हिंदू नेता की हत्या की थी साजिश
गाजियाबाद के नाहल गांव से पुलिस और आईबी ने 6 लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि वे कट्टरपंथी नेटवर्क से जुड़े थे और एक हिंदू नेता की हत्या की थी साजिश।

गाजियाबाद, वाईबीएन न्यूज। गाजियाबाद पुलिस और इंटेलीजेंस ब्यूरो ने गुरुवार को मसूरी थानाक्षेत्र के नाहल गांव में छापा मारकर छह लोगों को गिरफ्तार किया है। गाजियाबाद पुलिस के मुताबिक अभियुक्तों के आतंकी गतिविधियों से जुड़े अहम साक्ष्य मिले हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी देश विरोधी गतिविधियों में शामिल थे और एक हिंदू नेता की हत्या की योजना पर काम कर रहे थे।
थाना मसूरी पुलिस टीम द्वारा मुखबिर एवं मैनुअल इनपुट के आधार पर देश विरोधी गतिविधियों में संलिप्त अभियुक्तों के संगठन का पर्दाफाश करते हुए 06 अभियुक्तों को किया गिरफ्तार, कब्जे से एक मोबाइल फोन व प्रतिबन्धित संगठनों के वीडियो/ लिंक आदि बरामद ।
— POLICE COMMISSIONERATE GHAZIABAD (@ghaziabadpolice) March 12, 2026
बाइट- श्री सुरेन्द्र नाथ तिवारी,… pic.twitter.com/tHdHy7oVtp
कट्टरपंथी नेटवर्क के वीडियो कर रहे थे शेयर
पुलिस के अनुसार आरोपी जैश-ए- मोहम्मद और कट्टरपंथी नेटवर्क फरतुल्लाह गोरी ग्रुप से जुड़े वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर कर रहे थे। जांच में यह भी सामने आया है कि नाहल गांव के पांच युवक एक पाकिस्तानी यूट्यूबर के वीडियो नियमित रूप से देख रहे थे और उसी से प्रभावित होकर साजिश रच रहे थे। बताया जा रहा है कि आरोपितों ने एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर आपस में संपर्क किया और कथित रूप से गाजियाबाद के एक हिंदू नेता की हत्या का प्लान तैयार किया था। पुलिस का दावा है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं होती तो आज ही वारदात को अंजाम दिया जा सकता था।
यूएपीए के तहत केस दर्ज करने की तैयारी
पुलिस ने जिन छह आरोपियों को पकड़ा है उनमें 20 वर्षीय शावेज, 23 वर्षीय जुनैद, 22 वर्षीय फरदीन और 36 वर्षीय इकराम, 48 वर्षीय फजलू और 45 वर्षीय जावेद शामिल हैं। अभियुक्तों में शामिल इकराम को पेशे से अधिवक्ता बताया गया है। फिलहाल सभी से पूछताछ जारी है और उनके खिलाफ गैरकानून गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत मुकदमा दर्ज करने की तैयारी की जा रही है।
सोशल मीडिया निगरानी में खुला मामला
पुलिस के मुताबिक लोनी के सलीम वास्तिक पर हुए जानलेवा हमले के बाद सोशल मीडिया पर विशेष निगरानी रखी जा रही थी। इसी दौरान नाहल गांव के कुछ लोगों के अकाउंट से लगातार देश विरोधी और भड़काऊ सामग्री पोस्ट किए जाने की जानकारी मिली, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई।

