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यूपी SI भर्ती परीक्षा के सवाल पर बवाल, सीएम योगी ने दिए सख्त निर्देश

यूपी एसआई भर्ती परीक्षा 2025 में एक प्रश्न के विकल्पों में 'पंडित' शब्द का इस्तेमाल होने से विवाद। सीएम योगी के निर्देश जाति- समुदाय की आस्था का ध्यान रखा जाए।

यूपी SI भर्ती परीक्षा के सवाल पर बवाल, सीएम योगी ने दिए सख्त निर्देश
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लखनऊ, वाईबीएन न्यूज। उत्तर प्रदेश पुलिस की उपनिरीक्षक (एसआई) भर्ती परीक्षा 2025 में पूछे गए एक सवाल को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। प्रश्नपत्र में दिए गए एक विकल्प में “पंडित” शब्द शामिल होने पर कई संगठनों ने आपत्ति जताई है। मामले के तूल पकड़ने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी इस पर संज्ञान लेते हुए भर्ती बोर्डों को सख्त निर्देश दिए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा है कि किसी भी व्यक्ति, जाति, पंथ या संप्रदाय की आस्था और मर्यादा को ठेस पहुंचाने वाली टिप्पणी या सामग्री से पूरी तरह बचा जाए। साथ ही भर्ती बोर्ड के अध्यक्षों को पेपर सेट करने वाले विशेषज्ञों को स्पष्ट निर्देश देने को कहा गया है। यदि कोई व्यक्ति जानबूझकर ऐसा करता है तो उसे तत्काल प्रतिबंधित किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।

किस सवाल पर शुरू हुआ विवाद

दरअसल एसआई भर्ती परीक्षा के पहले दिन पूछे गए एक सवाल ने सोशल मीडिया पर विवाद खड़ा कर दिया। प्रश्न में “अवसर के अनुसार बदलने वाला” वाक्यांश के लिए एक शब्द चुनने को कहा गया था। इसमें लिए चार विकल्प ‌दिए गए थे। सदाचारी, पंडित, अवसरवादी और निष्कपट। इन विकल्पों में पंडित शब्द को शामिल किए जाने पर आपत्ति जताई जा रही है। लोगों का कहना है कि यह विकल्प किसी व्यक्ति विशेष के गुण या अवगुण से संबंधित नहीं, बल्कि एक विशेष समुदाय से जुड़ा है।

सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ प्रश्न

परीक्षा के बाद जैसे ही यह प्रश्नपत्र सोशल मीडिया पर सामने आया, इसे लेकर तीखी प्रतिक्रियाएं आने लगीं। कई संगठनों और सामाजिक समूहों ने इसे इसे आपत्तिजनक बताते हुए पेपर सेट करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

ब्राहमण समाज ने जताई नाराजगी

ब्राहमण समाज ऑफ इंडिया ने इस मामले पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। संस्था के प्रदेश प्रभारी दिनेश दुबे ने कहा कि सही अर्थ में “अवसर के अनुसार बदलने वाला” का जवाब अवसरवादी होता है, लेकिन विकल्पों में “पंडित” शब्द जोड़ना एक विशेष समुदाय की भावनाओं को आहत करता है।

उन्होंने मांग की है कि इस प्रश्न को अधिकारिक रूप से अमान्य घोषित कर सुधार किया जाए। साथ ही चेतावनी दी कि यदि जल्द कार्रवाई न हुई तो ब्राहमण समाज के विभिन्न संगठन मिलकर आंदोलन की रणनीति बनाएंगे।

5.31 लाख अभ्यर्थी हुए शामिल

बता दें कि उपनिरीक्षक भर्ती परीक्षा 2025 में 5.31 लाख अभ्यर्थी शामिल हुए। वहीं परीक्षा की शुचिता भंग करने की कोशिश करने वाले सोशल मीडिया अकाउंट्स के खिलाफ लखनऊ में सात मामले दर्ज किए गए हैं। एसटीएफ ने एक आरोपी को आगरा स‌े गिरफ्तार किया है, जो फर्जी प्रश्नपत्र भेजकर अभ्यर्थियों से ठगी कर रहा था।


Dhiraj Dhillon

Dhiraj Dhillon

धीरज ढिल्लों दो दशकों से अधिक समय से हिंदी पत्रकारिता में सक्रिय हैं। उन्होंने अपने करियर के दौरान दैनिक हिंदुस्तान और अमर उजाला जैसे प्रतिष्ठित समाचार पत्रों में नोएडा और गाजियाबाद क्षेत्र में गहन रिपोर्टिंग की है। प्रिंट मीडिया के साथ-साथ, उन्होंने डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी काम किया है। उनकी लेखनी में निष्पक्षता, तथ्यपरकता और गहरी विश्लेषण क्षमता स्पष्ट रूप से झलकती है। समसामयिक विषयों के साथ-साथ स्वास्थ्य, जीवनशैली, विकास संबंधी मुद्दों और राजनीति में उनकी गहरी रुचि रही है। उन्होंने पांच वर्षों तक Centre for Advocacy & Research (CFAR) के साथ मिलकर सार्वजनिक स्वास्थ्य संचार कार्य किया है।

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