81 देशों के 38 हजार साधक शामिल हुए श्रीरामचंद्र मिशन बसंतोत्सव में
रामचन्द्र मिशन आश्रम की स्वर्ण जयंती पर बसंत उत्सव 2026 सम्पन्न। 12 फरवरी से 2 मार्च तक चले आयोजन में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद समेत ब्रिटेन के सांसद भी
शाहजहांपुर, वाईबीएन संवाददाता। शाहजहांपुर की पावन धरती पर स्थापित #ShriRamChandra #mission आश्रम की 50 वर्षों की स्वर्णिम #आध्यात्मिक यात्रा के उपलक्ष्य में आयोजित “बसंत उत्सव 2026” का सफल समापन हो गया। इस भव्य आध्यात्मिक आयोजन में #विश्व के 81 देशों से लगभग 38 हजार साधकों ने भाग लेकर इसे अंतरराष्ट्रीय आध्यात्मिक महाकुंभ का स्वरूप प्रदान किया।
स्वर्ण जयंती समारोह के मीडिया प्रभारी suyash sinha ने जानकारी देते हुए बताया कि यह महोत्सव 12 फरवरी से 2 मार्च तक पांच चरणों में आयोजित किया गया। पूरे आयोजन का मार्गदर्शन kamlesh डी Patel (दाजी) के सानिध्य में हुआ।
उन्होंने कहा कि यह आयोजन केवल एक आध्यात्मिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि मानवता, शांति और आत्मिक चेतना को जागृत करने वाला एक वैश्विक मंच साबित हुआ। इतने बड़े स्तर पर हुए इस आयोजन ने शाहजहांपुर जैसे अपेक्षाकृत छोटे शहर को विश्व के आध्यात्मिक मानचित्र पर स्थापित करने का कार्य किया है।
मीडिया प्रभारी सुयश सिन्हा ने बताया कि इस महोत्सव के दौरान ध्यान, सत्संग, आध्यात्मिक चिंतन और विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से विश्व भर से आए साधकों ने आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त किए। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में शांति, सद्भाव, प्रेम और आध्यात्मिक उन्नति के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना था।
उन्होंने विशेष रूप से मीडिया की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि इस पूरे महोत्सव की सफलता में मीडिया का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा। प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया से जुड़े पत्रकारों ने पूरे आयोजन के हर महत्वपूर्ण क्षण को जनमानस तक पहुंचाने में उल्लेखनीय भूमिका निभाई।
सुयश सिन्हा के अनुसार, “हमारे सभी मीडिया बंधुओं ने जिस समर्पण, संवेदनशीलता और सहयोग का परिचय दिया, वह वास्तव में प्रशंसनीय और अविस्मरणीय है। आप सभी के अथक प्रयासों से इस आध्यात्मिक महोत्सव का संदेश समाज के कोने-कोने तक पहुंच सका।”
उन्होंने कहा कि मीडिया के सहयोग से ही इस आयोजन की सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक संदेश व्यापक स्तर पर लोगों तक पहुंचे। यह सहयोग केवल कवरेज तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज में आध्यात्मिक जागरूकता बढ़ाने का माध्यम भी बना।
मीडिया प्रभारी ने सभी पत्रकारों और मीडिया संस्थानों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भविष्य में भी ऐसे आयोजनों में मीडिया का स्नेह और सहयोग इसी प्रकार मिलता रहेगा, ऐसी आशा है।
उन्होंने कहा कि यह स्वर्ण जयंती उत्सव एक महत्वपूर्ण पड़ाव जरूर है, लेकिन आध्यात्मिक यात्रा अभी निरंतर जारी है। जल्द ही फिर से एक और आध्यात्मिक आयोजन के माध्यम से समाज को सकारात्मक दिशा देने का प्रयास किया जाएगा।
अंत में सुयश सिन्हा ने सभी मीडिया प्रतिनिधियों, स्वयंसेवकों और सहयोगियों को हृदय की गहराइयों से कोटि-कोटि धन्यवाद देते हुए कहा कि इस सामूहिक प्रयास ने बसंत उत्सव 2026 को ऐतिहासिक और यादगार बना दिया।








