Kanpur News: PNG आपूर्ति में 20% कटौती से 375 फैक्ट्रियां संकट में, 5 दिन ही चलेंगी इकाइयां
PNG की 20% कटौती से कानपुर नगर, कानपुर देहात और उन्नाव की बिस्कुट, कन्फेक्शनरी, नमकीन, रबर, इंजीनियरिंग, पैकेजिंग व स्टील से जुड़ी करीब 250 से 375 इकाइयों पर पड़ा है।

कानपुर, वाईबीएन संवाददाता। केंद्र सरकार की ओर से औद्योगिक और व्यावसायिक क्षेत्रों में उपयोग होने वाली पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) की आपूर्ति में 20 प्रतिशत कटौती के निर्देश दिए जाने के बाद कानपुर और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों की कई इकाइयों पर संकट गहराने लगा है। फैसले का असर कानपुर नगर, कानपुर देहात और उन्नाव की बिस्कुट, कन्फेक्शनरी, नमकीन, रबर, इंजीनियरिंग, पैकेजिंग और स्टील से जुड़ी करीब 250 से 375 इकाइयों पर पड़ा है। गैस की आपूर्ति कम होने के कारण इन उद्योगों ने फिलहाल अपना उत्पादन लगभग 20 प्रतिशत घटा दिया है।
उद्योगों से जुड़े लोगों का कहना है कि उत्पादन में कमी के साथ ही अब कई इकाइयों ने सप्ताह में सात दिन के बजाय केवल पांच दिन संचालन का फैसला किया है। कुछ उद्योगों में अस्थायी कर्मचारियों की छंटनी भी शुरू कर दी गई है।
कई इकाइयों में रात की शिफ्ट भी बंद
उद्योग जगत के प्रतिनिधियों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़े तनाव और तेल की कीमतों में तेजी का असर पहले से ही उद्योगों पर पड़ रहा था। प्लास्टिक, पैकेजिंग, टेक्सटाइल, केमिकल, डिटर्जेंट और मेटल वेल्डिंग से जुड़े उद्योग पहले ही लागत बढ़ने की वजह से दबाव में थे। कई इकाइयों में रात की शिफ्ट भी बंद कर दी गई है। अब पीएनजी की आपूर्ति में कटौती से स्थिति और कठिन हो गई है।
उद्योग विशेषज्ञों का कहना है कि बिस्कुट, कन्फेक्शनरी, नमकीन और इंजीनियरिंग जैसे उद्योगों को लगातार ऊर्जा आपूर्ति की जरूरत होती है। उत्पादन प्रक्रिया के दौरान पाइपों के जरिए कच्चा माल चलता है और अगर ऊर्जा आपूर्ति बाधित होती है तो पूरी हीटिंग प्रक्रिया रुक जाती है, जिससे कच्चा माल खराब होने का भी खतरा रहता है।
समस्याओं के समाधान के लिए हर संभव मदद की जाएगी
कानपुर शहर में Central UP Gas Limited लगभग 575 स्थानों पर पीएनजी की आपूर्ति करती है, जबकि कानपुर देहात में Torrent Gas की ओर से गैस सप्लाई की जाती है। दोनों कंपनियों ने उद्योगों को 20 प्रतिशत आपूर्ति घटाने की सूचना दी है।
उद्योग विभाग का कहना है कि वह उद्यमियों की समस्याओं को लेकर गंभीर है। जिला उद्योग केंद्र के उपायुक्त अंजनीश प्रताप सिंह ने कहा कि उद्योग विभाग उद्योगपतियों के साथ खड़ा है और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए हर संभव मदद की जाएगी।
उद्योग संगठनों के अनुसार शहर में बिस्कुट, कन्फेक्शनरी और नमकीन से जुड़े सैकड़ों छोटे-बड़े उद्योग संचालित होते हैं। गैस आपूर्ति में कटौती के कारण उत्पादन और बाजार में उत्पादों की उपलब्धता दोनों प्रभावित हो सकती हैं। उद्योग प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि अगर अंतरराष्ट्रीय हालात जल्द सामान्य नहीं हुए तो शहर में ऊर्जा संकट और गहराने की आशंका है।

